सर्जिकल स्ट्राइक स्पेशलिस्ट की पांच हजारी चुनौती, एक झटके में उड जाएंगे पाक और चीन

भारत के नव नियुक्त सेना प्रमुख बिपिन रावत ने कुर्सी पर बैठते ही कड़े तेवर दिखाना शुरु कर दिये। आर्मी चीफ ने सख्त लहजे में चीन और पाकिस्तान को धमकी देते हुए कहा है कि भारतीय सेना अंतर्राष्ट्रीय सीमा पर दोनों को एकसाथ मुंहतोड़ जवाब देने में सक्षम है। सेना प्रमुख बनाए जाने के तीसरे दिन ही जनरल रावत ने बोला कि भारत दोनों मोर्चों पर दुश्मनों को मुहतोड़ जवाब दे सकता है लेकिन भारत किसी भी देश से युद्ध नहीं करना चाहता है। उन्होंने कहा बीजिंग के साथ तनानती नहीं बल्कि सहयोग की भावना रखना चाहते हैं।

चीन और पाकिस्तानarmy-commander-visits-dimapur

जनरल रावत का ये बयान बीजिंग की उस प्रतिक्रिया के बाद आया है जिसमें चीन ने भारत के अग्नि-5 मिसाइल के प्रक्षेपण पर प्रश्नचिह्न खड़े किए थे। अग्नि-5 मिसाइल परमाणु हथियारों से लैस 5000 किलोमीटर तक मार करने की क्षमता रखती है। जिसकी जद में चीन और पाकिस्तान के सारे शहर आते हैं।

सेना प्रमुख ने बताया कि जहां तक देश की उत्तरी सीमा का सवाल है तो वहां भारतीय सेना हमेशा यही कोशिश करती है कि अंतर्राष्ट्रीय सीमा खासकर वास्तविक नियंत्रण रेखा (LAC) पर शांति बनाए रखने के तौर-तरीकों और मेकनिज्म के तहत काम करे। उन्होंने बताया कि सोमवार को एलएसी पर चार मीटिंग हुई हैं।

 बता दें कि जनरल रावत ने देश की सेना के 27वें प्रमुख के रूप में शनिवार (31 दिसंबर) को पदभार संभाला था। पद संभालते ही सेना प्रमुख ने कहा था कि सेना की भूमिका सीमा पर शांति बनाए रखने की है लेकिन हम ‘‘जरूरत पड़ने पर अपनी ताकत का इस्तेमाल करने से नहीं’’ चूकेंगे। सेना की पूर्वी कमान के प्रमुख लेफ्टिनेंट जनरल प्रवीण बख्शी और दक्षिणी कमान प्रमुख लेफ्टिनेंट जनरल पी एम हारिज सेना में सेवा देते रहेंगे और उसकी एकता बनाए रखेंगे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *